रविवार, 23 सितंबर 2012

जानलेवा हो सकता है अदरक जागरण संवाददाता, बाहरी दिल्ली : स्वास्थ्य के लिए लाभकारी अदरक खरीदने से पहले सचेत हो जाइए। राजधानी में धड़ल्ले से अदरक की तेजाब से धुलाई हो रही है। ऐसा अदरक की चमक बरकरार रखने के लिए किया जा रहा है, लेकिन यह लोगों के लिए मौत की वजह बन सकती है। स्वास्थ्य विशेषज्ञ का मानना है कि तेजाब से अदरक को धोने से न केवल उसका औषधीय गुण कम होता है, बल्कि इसका लंबे समय तक सेवन से कई जानलेवा बीमारियां होने का भी खतरा रहता है। इस मुद्दे को लेकर 17 सितंबर को नगर निगम उत्तरी सदन में हुई बैठक में उठाए गए सवाल पर निगम आयुक्त पी के गुप्ता ने जांच के आदेश भी दिए थे, लेकिन राजधानी में यह कार्य बदस्तूर जारी है। अधिकारी की नाक के नीचे चल रहा है अवैध धंधा : आजादपुर मंडी के आसपास केइलाके में अदरक में चमक पैदा करने के लिए तेजाब से धोने का धंधा तो सालों से चल ही रहा है, इसके अलावा यह खेल आजादपुर मंडी कृषि उत्पाद विपणन कमेटी (एपीएमसी) परिसर में भी चल रहा है, लेकिन इसके आला अधिकारी को इसकी भनक तक नहीं है। एपीएमसी के चेयरमैन राजेंद्र शर्मा ने बताया कि उन्हें इस बात की जानकारी नहीं है, लेकिन उन्होंने भरोसा दिलाया कि अगर ऐसा है तो तत्काल इसपर रोक लगाई जाएगी और फलों व सब्जियों की धुलाई की निगरानी के लिए अधिकारियों को नियुक्त किया जाएगा। जागरण टीम ने भी लिया जायजा : दैनिक जागरण टीम ने बृहस्पतिवार को सराय पीपल थला, भड़ौला गांव व यहां की झुग्गियों में चल रहे इस गैर कानूनी धंधे का जायजा लिया और इसे अपने कैमरे में कैद किया। इन इलाकों की तंग गलियों में दो से ढ़ाई हजार रुपये में झुग्गियों व मकानों को किराए पर लेकर इस धंधे को अंजाम दिया जा रहा है। अप्रवासी मजदूरों द्वारा पानी में तेजाब मिलाकर अदरक धोते पाया गया। इन जगहों पर तेजाब की भरी व खाली बोतलें भी पाई गई। अदरक को मंडी से ढेले व टैंपों से ले जाया जाता है। कहीं-कहीं तो बडे़ पैमाने पर यह काम चल रहा है और चालीस से पचास बोरियां धुलाई के लिए रखीं गई हैं। कई मकान व झुग्गियां अंदर से बंद थी। काफी कोशिश के बाद भी उसके अंदर मौजूद व्यक्ति दरवाजा खोलने को राजी नहीं हुआ। दिल्ली में भारी खपत है अदरक की : आजादपुर मंडी में पश्चिम बंगाल व दक्षिण भारत से रोजाना औसतन 12 से 15 टन अदरक की आवक है। किसान मिट्टी युक्त अदरक को लेकर मंडी में पहुंचते हैं, जहां थोक कारोबारियों को बेच दिया जाता है। अब यहां के कारोबारियों द्वारा अदरक की धुलाई के बाद इसे खुदरा दुकानदारों को बेचा जाता है, लेकिन कम समय में धुलाई होने व चमक पैदा करने के लिए तेजाब का प्रयोग किया जाता है। दिल्ली खाद्य सुरक्षा आयुक्त के. जे. वर्मन ने कहा कि उनका विभाग इस मामले की जांच कराएगा। यदि इस प्रकार की गतिविधि हो रही है, तो निश्चित तौर पर इसमें शामिल लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि वे मंडियों से जुड़े अधिकारियों से भी कहेंगे कि इस मामले को गंभीरता से लें और ऐसे किसी भी धंधे को रोकने के लिए तत्काल कदम उठाएं।

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